विप्र फाउंडेशन ने आर्थिक कमजोर ब्राह्मण वर्ग और सवर्ण वर्ग को स्थानीय निकाय और पंचायत चुनावो में राजनीतिक आरक्षण की मांग की !!

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विप्र फाउंडेशन ने आर्थिक कमजोर ब्राह्मण वर्ग और सवर्ण वर्ग को स्थानीय निकाय और पंचायत चुनावो में राजनीतिक आरक्षण की मांग की !!
विप्र फाउंडेशन ने आर्थिक कमजोर ब्राह्मण वर्ग और सवर्ण वर्ग को स्थानीय निकाय और पंचायत चुनावो में राजनीतिक आरक्षण की मांग की !!
राजस्थान विधानसभा के अध्यक्ष ड़ॉ.सीपी जोशी को मांगपत्र सौंपकर विप्र महाकुम्भ में पारित प्रस्ताव के साथ सम्पूर्ण भारत में इस सकारात्मक आंदोलन की शुरवात की !!
भाजपा विधायक श्री धमरनारायण जोशी सहित 17 विधायकों का इस मुद्दे पर स्थगन प्रस्ताव ...!!
EWS को भी स्थानीय निकाय व पंचायतराज में राजनीतिक आरक्षण की मांग विधानसभा में गूंजी*
- विप्र फाउंडेशन ने 12 मार्च को मेंहदीपुर बालाजी में हुए विप्र महाकुम्भ में पारित निर्णयों को पूरा कराने हेतु विप्र फाउंडेशन प्रतिनिधिमंडल ने अपनी मांगों पर समर्थन जुटाने के लिए विधायको को सौंपा ज्ञापन।
जयपुर। विप्र फाउंडेशन की EWS को भी अन्य के समकक्ष सभी प्रकार के परिलाभ देते हुए स्थानीय निकाय व पंचायतराज में राजनीतिक आरक्षण की मांग आज राज्य विधानसभा में भी गूंजी।
EWS से जुड़े इस मुद्दे को लेकर भाजपा विधायक धर्म नारायण जोशी सहित 17 विधायको का स्थगन प्रस्ताव था। स्थगन प्रस्ताव पर बोलते हुए विप्र फाउंडेशन के राष्ट्रीय संरक्षक व मावली विधायक धर्म नारायण जोशी ने विधानसभा में कहा कि सरकार ने EWS वर्ग को 10 प्रतिशत आरक्षण तो दे दिया,लेकिन अन्य आरक्षित वर्गों की तरह EWS को समुचित लाभ नहीं मिल पा रहा। न ही आरक्षित वर्गों की तरह स्थानीय निकाय व पंचायत राज की सीटें EWS के लिए आरक्षित की गई हैं, जबकि आरक्षण का ये परिलाभ EWS को भी मिलना चाहिए। जोशी ने पिता से पुत्र व विवाहित पुत्री के अलग हो जाने के बाद भी इनकम राइडर को अनुचित बताते हुए इस तरह की विसंगतियां हटाने की मांग की।
आपको बता दे कि EWS को राजनीतिक आरक्षण तथा अन्य विसंगतियों को दूर करने की मांग विप्र फाउंडेशन के मेहंदीपुर बालाजी में संपन्न विप्र महाकुंभ में उठी थी। महाकुंभ में सरकार से जुड़ी इन मांगों को लेकर प्रस्ताव भी पारित किया गया था जिसमें EWS की मांगों के साथ प्रत्येक तहसील में ब्राह्मण छात्रावास निर्माण हेतु इच्छुक संस्थाओं को टोकन मनी पर भूमि आवंटित करने,
हिन्दू मंदिरों को सरकारी नियंत्रण से मुक्त करने, हिन्दू धर्म व देवी देवताओं के सम्मान की सुरक्षा हेतु इसके लिए अलग से हिन्दू रिलीजियस एक्ट बनाने की मांग की गई है। राजकीय भर्तियों में हुई धांधली के कारण योग्य युवाओं को नौकरियों से वंचित रखने वाले दोषियों की उच्च स्तरीय जांच करवाकर कड़ी से कड़ी सजा सुनिश्चित करने को भी कहा गया है।
इन मांगों को लेकर विप्र फाउंडेशन जोन -1 डी के प्रदेशाध्यक्ष वेद प्रकाश उपाध्याय, संगठन महामंत्री शांतनु पराशर, जयपुर जोन के प्रदेशाध्यक्ष एडवोकेट राजेश कर्नल ने पक्ष- विपक्ष के विधायको को मांग पत्र भी सौंपा ताकि इन मांगों पर समर्थन जुटा सरकार पर दबाव बनाया जा सके।
विधानसभा अध्यक्ष डॉक्टर सीपी जोशी, जलदाय मंत्री महेश जोशी, उपनेता प्रतिपक्ष राजेन्द्र राठौड़,स्वायत्त शासन मंत्री शांति धारीवाल, मुख्यमंत्री सलाहकार राजकुमार शर्मा, रतनगढ़ विधायक अभिनेष महर्षि, सरदारशहर विधायक अनिल शर्मा, अलवर विधायक संजय शर्मा, मांडलगढ़ विधायक गोपाल शर्मा,चौमू विधायक रामलाल शर्मा, सांगानेर विधायक अशोक लाहौटी,जोधपुर विधायक सूर्यकान्ता व्यास,विधायक नारायण सिंह देवल सहित कई विधायकों को विप्र फाउंडेशन का मांगपत्र सौंपा।

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